रंगमंच से निखरेगी नई पीढ़ी: बेगूसराय में ‘रंग अंकुर’ बाल अभिनय कार्यशाला का शुभारंभ
23 से 31 जुलाई तक चलेगी कार्यशाला, एनएसडी प्रशिक्षित विशेषज्ञ देंगे अभिनय, संवाद और मंच अनुशासन का व्यावहारिक प्रशिक्षण

चूड़ामणि अनुभव/बेगूसराय
कला एवं संस्कृति विभाग, बेगूसराय, सरस्वती विद्या निकेतन (आदर्श विद्यालय), बी.पी. इंटर स्कूल तथा सुरभि रूरल डेवलपमेंट एंड वेलफेयर सोसाइटी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘रंग अंकुर’ बाल अभिनय कार्यशाला का शुभारंभ गुरुवार को विद्यालय परिसर में हुआ। कार्यशाला का उद्घाटन जिले के वरिष्ठ रंगकर्मी एवं अभिनेता दीपक कुमार ने किया। उद्घाटन अवसर पर दीपक कुमार ने कहा कि रंगमंच केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास, अनुशासन और प्रभावी अभिव्यक्ति का सशक्त मंच है। उन्होंने बच्चों से कला और रंगमंच के माध्यम से अपनी रचनात्मक प्रतिभा को निखारने और समाज के प्रति संवेदनशील बनने का आह्वान किया। कार्यशाला में राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (एनएसडी) से प्रशिक्षित अभिनेता एवं निर्देशक हरीश हरिऔध तथा प्रशिक्षित रंगकर्मी अमरेश कुमार प्रतिभागी बच्चों को अभिनय, संवाद-अभिव्यक्ति, मंच अनुशासन, शारीरिक अभ्यास और रंगमंच की विभिन्न विधाओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण देंगे। विद्यालय की प्राचार्या कामिनी ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य बच्चों के आत्मविश्वास, अभिव्यक्ति कौशल, रचनात्मक सोच और व्यक्तित्व विकास को नई दिशा देना है। उन्होंने इस पहल के लिए सभी प्रशिक्षकों तथा सुरभि रूरल डेवलपमेंट एंड वेलफेयर सोसाइटी का आभार व्यक्त किया। प्रशिक्षक हरीश हरिऔध ने बताया कि कार्यशाला के समापन पर प्रतिभागी बच्चे 30 से 35 मिनट की सांस्कृतिक प्रस्तुति देंगे, जिसमें प्रशिक्षण के दौरान सीखे गए अभिनय कौशल का प्रदर्शन किया जाएगा।
जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी श्याम कुमार साहनी ने कहा कि इस कार्यशाला का उद्देश्य बच्चों में रंगमंच की बुनियादी समझ विकसित करने के साथ-साथ सांस्कृतिक चेतना, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, सृजनशीलता और टीम भावना को बढ़ावा देना है। कार्यक्रम में उप-प्राचार्या बिमल, संगीत शिक्षिका मीनाक्षी, संगीत शिक्षक अवधेश पासवान सहित विद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अभिनय एवं संगीत की अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
उल्लेखनीय है कि ‘रंग अंकुर’ बाल अभिनय कार्यशाला का आयोजन 23 से 31 जुलाई, 2026 तक किया जा रहा है, जिसमें बच्चों को रंगमंच की बारीकियों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।





