बेगूसराय में सृजनोत्सव- दो का आयोजन, चित्रकला-मूर्तिकला की प्रदर्शनी बनी आकर्षण का केंद्र

बेगूसराय/ चूड़ामणि अनुभव
54वें जिला स्थापना दिवस समारोह के अवसर पर कला एवं संस्कृति विभाग, बिहार सरकार एवं जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में कंकौल स्थित प्रेक्षागृह-सह-आर्ट गैलरी में सृजनोत्सव-2 एवं ओपन माइक कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम में चित्रकला, मूर्तिकला एवं शिल्पकला की प्रदर्शनी के साथ बांस कला, सिक्की कला एवं मिथिला चित्रकला पर आधारित कार्यशालाएं आयोजित की जा रही हैं।
सृजनोत्सव-2 की कला प्रदर्शनी में बेगूसराय सहित बिहार के विभिन्न जिलों के कलाकारों ने अपनी कलाकृतियां प्रदर्शित की हैं। चित्रकला एवं मूर्तिकला की उत्कृष्ट कृतियां दर्शकों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। वहीं, मिथिला चित्रकला और बांस कला की विविध रंगों एवं शिल्पगत विशेषताओं ने प्रदर्शनी को खास पहचान दी है।
कार्यक्रम के तहत स्थानीय विद्यालयों के बच्चों के लिए चित्रकला कार्यशाला भी आयोजित की गई। इसमें बच्चों को चित्रकला की विभिन्न तकनीकों एवं बारीकियों से परिचित कराया जा रहा है। कार्यशाला के माध्यम से बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा को मंच देने के साथ उन्हें स्थानीय एवं पारंपरिक कला-संस्कृति से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
सृजनोत्सव-2 का शुभारंभ जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी एवं उपस्थित वरिष्ठ कलाकारों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस दौरान अतिथियों एवं कलाकारों को अंगवस्त्र, पुष्पगुच्छ एवं मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। आम्रपाली टीम ने स्वागत गीत प्रस्तुत कर अतिथियों एवं कलाकारों का अभिनंदन किया।
आयोजकों के अनुसार, कार्यक्रम का उद्देश्य कला एवं संस्कृति के संरक्षण-संवर्धन के साथ स्थानीय कलाकारों को मंच उपलब्ध कराना और नई पीढ़ी को विभिन्न कला विधाओं से जोड़ना है। प्रदर्शनी एवं कार्यशालाएं कला प्रेमियों, कलाकारों, विद्यार्थियों एवं आम लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।




